Navratri: पंचम स्कन्दमाता को लगाएं केले का भोग… विद्यार्थी करें ये सरल उपाय; मंत्र-आरती पढ़ें

सिंहासनगता नित्यं पद्माश्रितकरद्वया।
शुभदास्तु सदा देवी स्कन्दमाता यशस्विनी॥