Bahraich Violence: “किसी मजहब…” बहराइच हिंसा पर मायावती ने सरकार को दी ये नसीहत…वहीं CM योगी ने पीड़ितों को भेज दिया संदेश
Bahraich Violence: उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले में मूर्ति विसर्जन के दौरान दो पक्षों में हुई हिंसा को लेकर यूपी में सियासत तेज हो गई है. ताजा हमला बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने किया है और योगी सरकार को घेरते हुए कहा है कि जिम्मेदारी निभाई गयी होती तो बहराइच की घटना कभी भी घटित नहीं होती। तो दूसरी ओर खबर आ रही है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मृतक राम गोपाल मिश्रा के परिवार वालों को संदेश भेजते हुए मिलने के लिए अपने आवास पर बुलाया है और पीड़ित लखनऊ के लिए निकल चुके हैं.
मायावती ने कानून व्यवस्था को लेकर उठाए सवाल
बसपा मुखिया मायावती ने मंगलवार को एक्स पर दो पोस्ट शेयर की है, पहली पोस्ट में लिखा कि “यूपी के बहराइच जिले में कानून-व्यवस्था की स्थिति का खराब होकर काबू से बाहर हो जाना चिन्ताजनक। ऐसे हालात के लिए शासन-प्रशासन की नीयत व नीति पक्षपाती नहीं बल्कि पूरी तरह से कानूनवादी होना चाहिए ताकि सम्बंधित मामला गंभीर न होकर यहां शान्ति व्यवस्था की स्थिति बनी रहे।”
2. साथ ही, त्योहार कोई भी व किसी मजहब का हो, शान्ति व्यवस्था सरकार की पहली जिम्मेदारी है। ऐसे अवसर पर विशेष प्रबंध जरूरी। यदि ऐसी जिम्मेदारी निभाई गयी होती तो बहराइच की घटना कभी भी घटित नहीं होती। सरकार हर हाल में अमन-चैन व लोगों के जान-माल व मजहब की सुरक्षा सुनिश्चित करे। 2/2
— Mayawati (@Mayawati) October 15, 2024
सरकार सुरक्षा सुनिश्चित करे
मायावती ने दूसरी पोस्ट में लिखा है “साथ ही, त्योहार कोई भी व किसी मजहब का हो, शान्ति व्यवस्था सरकार की पहली जिम्मेदारी है। ऐसे अवसर पर विशेष प्रबंध जरूरी। यदि ऐसी जिम्मेदारी निभाई गयी होती तो बहराइच की घटना कभी भी घटित नहीं होती। सरकार हर हाल में अमन-चैन व लोगों के जान-माल व मजहब की सुरक्षा सुनिश्चित करे।”
योगी से मांग-आरोपियों का हो एनकाउंटर
बहराइच में रविवार को दुर्गा विसर्जन के दौरान हुए पथराव और फायरिंग में गोली लगने से रामगोपाल मिश्रा की मौत हो गई थी। रामगोपाल मिश्रा के परिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने आवास पर मिलने के लिए बुलाया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पीड़ित परिवार के लोग भाजपा विधायक सुरेश्वर सिंह के साथ लखनऊ के लिए रवाना हो गए हैं. मुख्यमंत्री से मिलने जा रहे मृतक की मां पत्नी और पिता ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि हम सीएम से मिलकर उचित कार्रवाई की मांग करेंगे। परिजनों ने यह भी कहा कि जिस तरह से उनके बेटे को गोली मारी गई है, ऐसे में आरोपियों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाए और उनका एनकाउंटर किया जाए।
पीड़ित परिवार से मिलने की जाहिर की थी इच्छा
भाजपा विधायक सुरेश्वर सिंह ने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ ने पीड़ित परिवार से मिलने की इच्छा जाहिर की है। उन्होंने कहा है कि इस कृत्य के लिए जो भी जिम्मेदार लोग होंगे, वो चाहें किसी भी पक्ष के हों, अधिकारी हों उनके खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी। विधायक ने दावा किया कि घटना वाले इलाके में सोमवार दोपहर के बाद से स्थिति कुछ सामान्य हुई है। अब कार्रवाई शुरू होगी। सीएम योगी ने बुलाया है तो कुछ न कुछ जरूर करेंगे।
मृतक के भाई ने कही ये बात
मृतक के भाई ने मीडिया से बात करते हुए जानकारी दी कि वे लोग मुख्यमंत्री से मिलने जा रहे हैं। उन्होंने ये भी बताया कि हम उनसे मांग करेंगे की आरोपी का एनकाउंटर होना चाहिए। मेरे भाई की गोली मारकर हत्या की गई है। अब्दुल हमीद के लड़के ने हत्या की है। जब हम मौके पर पहुंचे तो वहां लाठीचार्ज हो चुका था। भगदड़ मची थी। हम भी भागने लगे, हमें अपने भाई की चिंता थी कि वह कहां फंस गया है। एक बच्ची ने फायरिंग का इशारा किया तो हम वहां पहुंचे। जिस घर से हम होकर गुजरे थे, उसे भी आरोपियों ने जमकर पीटा था। वह भी अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहा है। यह घटना महाराजगंज मार्केट की है।
किसी ने नहीं की हमारी मदद
मृतक के भाई ने घटना के वक्त सामने आए हालात को लेकर बताया कि हम अपने भाई को वहां से उठाकर ले आए। हम रोड पर वाहन का इंतजार करते रहे, लेकिन किसी ने हमारी मदद नहीं की। हमने किसी तरह उसे अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। यदि हम आधे घंटे पहले अस्पताल पहुंच जाते तो शायद मेरा भाई बच जाता। मृतक के पिता ने बताया कि हम मुख्यमंत्री से मांग करेंगे की आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए। जिस तरह से हमारे लड़के को मारा गया है, आरोपी को भी एनकाउंटर में मारा जाए। मेरे बेटे को गोली लगी थी। हम बहुत दुखी हैं।
जानें क्या हुई थी घटना?
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 13 अक्टूबर को बहराइच के महाराजगंज में मूर्ति विसर्जन के दौरान हुए बवाल में विशेष समुदाय के द्वारा चलाई गई गोली से रामगोपाल मिश्रा की हत्या की गई थी। इस घटना के बाद इलाके के हिंदू पक्ष के लोगों में आक्रोश फैल गया जिससे सोमवार को भी बड़ी संख्या में लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया और हमलावर को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की. तो वहीं उपद्रव को शांत करने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स को तैनात किया गया. मौके पर खुद यूपी एसटीएफ प्रमुख अमिताभ यश मौजूद रहे.