9वीं पास BSA…जाने कितनी होगी क्रिकेटर रिंकू सिंह की सैलरी और क्या-क्या मिलेंगी सरकारी सुविधाएं? बहन ने कही ये बात-Video
Rinku Singh: भारतीय क्रिकेट टीम के धमाकेदार क्रिकेटर रिंकू सिंह अब न केवल खेल के मैदान में बल्कि सरकारी कार्यालय में भी अपनी पारी खेलते हुए नजर आएंगे और शिक्षा विभाग के कर्मचारियों को दिशा-निर्देश भी देते हुए दिखेंगे. दरअसल उत्तर प्रदेश सरकार ने खेल कोटा से उनको जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA)के पद पर नियुक्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. इस तरह से वह जल्द ही बीएसए होंगे.
बता दें कि हाल ही में उन्होंने सपा सांसद प्रिया सरोज के साथ सगाई की है तो वहीं अब बीएसए बनने की खबर सामने आने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स चुटकी लेते हुए कह रहे हैं कि रिंकू सिंह के दोनों हाथ में लड्डू है. फिलहाल रिंकू सिंह का भाग्य खासा साथ दे रहा है क्योंकि इसी महीने उनकी सगाई हुई है और इसी महीने उनके बीएसए बनने की भी खबर सामने आई है.
मालूम हो कि रिंकू सिंह की कहानी किसी प्रेरणा से कम नहीं है. उनका परिवार गैस सिलेंडर डिलीवरी करता है. तो वहीं वह कड़ी मेहनत करके क्रिकेट के मैदान तक पहुंचे और फिर अपनी प्रतिभा से यहां अपना लोहा मनवाया और अब उनको BSA जैसा बड़े सरकारी पद मिलने जा रहा है. इससे साफ होता है कि अगर आप में लगन और आगे बढ़ने की ललक है तो आप सफलता की बुलंदियों को छूते ही हैं.
तो वहीं रिंकू सिंह के बीएसए बनने को लेकर उनके परिवार में खुशी का माहौल है. सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें उनकी बहन कह रही हैं कि भइया ने देश का नाम रोशन किया है. ये पल परिवार और देश के लिए गर्व का पल है.
📍 अलीगढ़
🔷 क्रिकेटर रिंकू सिंह के बीएसए बनने पर परिवार में खुशी की लहर
🔷 मां, बहन और पिता ने जताई खुशी, कहा – यह हमारे लिए गर्व का पल
🔷 परिजनों ने कहा – उनकी मेहनत और लगन का ही नतीजा है यह उपलब्धि
🔷रिंकू सिंह बने बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA)#RinkuSingh #AligarhNews… pic.twitter.com/Lr7MJvRXCO— भारत समाचार | Bharat Samachar (@bstvlive) June 27, 2025
जानें क्या है BSA का पद?
बता दें कि जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के अधीन उत्तर प्रदेश के सभी बेसिक स्कूल यानी परिषदीय स्कूल होते हैं, जिसमें कक्षा एक से लेकर 8 तक के गरीब व आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को पढ़ाया जाता है. इन्हीं स्कूलों के शिक्षकों से लेकर कर्मचारियों की सभी व्यवस्थाएं देखनी होती हैं. ये एक बड़ा जिम्मेदारीवाला पद है. उत्तर प्रदेश सरकार में बीएसए, ग्रुप-ए का राजपत्रित (Gazetted) पद है.यह नौकरी 7वें वेतन आयोग के पे मैट्रिक्स लेवल-10 के तहत आती है जिससे साफ होता है कि शुरू की ही सैलरी और भत्ते काफी शानदार हैं.
जानें क्या है खेल कोटा से बीएसए बनने की चयन प्रक्रिया?
देश के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नाम कमाने वाले खिलाड़ियों को सीधे ग्रुप-ए या ग्रुप-बी की नौकरी दी जाती है. इसी के तहत रिंकू को ये नौकरी अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता सीधी भर्ती नियमावली-2022के तहत मिल रही है. रिंकू ने 2023 में आयरलैंड के खिलाफ T20 में डेब्यू किया और फिर IPL 2023 में गुजरात टाइटंस के खिलाफ आखिरी ओवर में पांच छक्के मारकर KKR को जीत दिलाई और इसी के बाद वह फेमस हुए.
उनकी इन्हीं उपलब्धियों ने उन्हें इस नौकरी के लायक बना दिया. जबकि बीएसए पद के लिए किसी भी विषय में ग्रेजुएट होने के साथ बीएड होना भी जरूरी होता है.तो वहीं पीसीएस की प्रारंभिक, मुख्य परीक्षा और इंटरव्यू क्लीयर करके ही बीएसए बना जा सकता है लेकिन रिंकू सिंह केवल कक्षा-9 तक ही पढ़े हैं, लेकिन खेल जगत में उनकी उपलब्धियों के कारण उनको इस पद के लिए चुना गया है.
खेल विभाग ने रिंकू का प्रस्ताव तैयार कर मुख्यमंत्री को भेजा जिसे बेसिक शिक्षा निदेशक को मंजूरी के लिए भेजा गया. बस अब मेडिकल जांच और कुछ कागजी काम बाकी रह गया हैं जो रिंकू को जल्द पूरा करने को कहा गया है. 25 जून 2025 को बेसिक शिक्षा निदेशक ने नियुक्ति का आदेश जारी कर दिया लेकिन सोशल मीडिया पर वायरल एक मीडिया रिपोर्ट में खेल मंत्री गिरीश चंद्र यादव ने बयान में कहा कि उनको इसकी जानकारी नहीं थी. हालांकि बेसिक शिक्षा विभाग ने इस जानकारी को लेकर साफ किया कि प्रक्रिया चल रही है और जल्द पूरी हो जाएगी.
BSA की सैलरी
एक जानकारी के मुताबिक, BSA का मूल वेतन 56,100 रुपये प्रति माह से शुरू होता है और फिर हर साल की वेतन वृद्धि के साथ यह बढ़ता जाता है. जो कि करीब 1,77,500 रुपये तक पहुंच सकता है.सैलरी के साथ ही महंगाई भत्ता (DA) यानी मूल वेतन का 46% (जून 2025 तक) करीब 25,806 रुपये हर महीने मिलेंगे. यह समय-समय पर बढ़ता भी रहता है.इसके अलावा मकान किराया भत्ता यानी (HRA) भी मिलता है. यह शहर के अनुसार मिलता है.
यानी अगर मेट्रो शहर है तो 24% (लगभग 13,464 रुपये) और छोटे शहरों में 8% (लगभग 4,488 रुपये) मिलता है. साथ ही यात्रा भत्ता (TA) भी मिलता है. यानी ऑफिस की यात्राओं के लिए 3,600 से 7,200 रुपये प्रति माह. साथ ही अन्य भत्तों के तहत मेडिकल भत्ता,बच्चों की पढ़ाई का भत्ता और कुछ छोटे-मोटे भत्ते भी बीएसए को मिलते हैं. इस तरह बीएसए को शुरुआत में हर महीने 70,000 से 90,000 रुपये तक की सैलरी मिलती है, जो शहर और HRA पर डिपेंड होती है. फिर नौकरी बढ़ने के साथ ही सैलरी भी बढ़ती जाएगी.
क्रिकेटर रिंकू सिंह को अंबेडकरवादी और समाजवादी बनने पर बहुत-बहुत बधाई एवं ढेर सारी शुभकामनाएं
Rinku Singh Priya Saroj खुश दिख रहे हैं यह जोड़ी विराट कोहली और अनुष्का शर्मा की तरह रिंकू सिंह प्रिया सरोज की जोड़ी हिट रहेगी#PriyaSaroj #RinkuSinghEngagement pic.twitter.com/IjicUDoGt2— Harsh yadav (@yadavlucknow1) June 8, 2025
ये सुविधाएं भी मिलेंगी
रिंकू सिंह जैसे ही बीएसए बनते हैं उनको और उनके परिवार के लिए फ्री मेडिकल ट्रीटमेंट या मेडिकल बिल की रीइंबर्समेंट के साथ ही सरकारी मकान यानी ग्रुप-ए अफसरों को सरकारी आवास मिलता है.अगर मकान नहीं मिला तो HRA का फायदा दिया जाता है.
इसके अलावा पेंशन और ग्रेच्युटी यानी नई पेंशन स्कीम (NPS) के तहत रिटायरमेंट पर पेंशन और ग्रेच्युटी का लाभ मिलेगा. साथ ही पेड लीव,कैजुअल लीव और मेडिकल लीव जैसी सुविधाएं भी मिलेंगी. तो वहीं ऑफिशियल काम के लिए गाड़ी और यात्रा भत्ता मिलता है. इसके अलावा ट्रेनिंग, प्रमोशन और सरकारी कर्मचारियों के लिए दूसरी योजनाएं सहित अन्य सुविधाएं भी मिलती हैं.
जौनपुर की मछलीशहर से सांसद प्रिया सरोज और क्रिकेटर रिंकू सिंह को सगाई की बहुत-बहुत बधाई और हार्दिक शुभकामनाएं।@PriyaSarojMP @rinkusingh235 #RinkuSinghEngagement #priyasaroj pic.twitter.com/lAAFHGf2mp
— Mohd Arshad Khan Ex.MLA Jaunpur Sadar (@Arshadkhansp) June 8, 2025
अलीगढ़ के रहने वाले हैं रिंकू सिंह
बता दें कि क्रिकेटर रिंकू सिंह का जन्म 12 अक्टूबर 1997 को अलीगढ़ के एक साधारण परिवार में हुआ है. आर्थिक तंगी के कारण रिंकू सिंह केवल कक्षा-9 तक ही पढ़ सके. इसके बाद उन्होंने अपना पूरा ध्यान क्रिकेट में लगा दिया. तो वहीं उनके पिता खानचंद्र सिंह गैस सिलेंडर डिलीवरी करते थे लेकिन क्रिकेट की दुनिया में उन्होंने अपनी पांच छक्के वाली पारी से तहलका मचा दिया था. 2023 में उनके पांच छक्कों ने उनको एक पल में पूरी दुनिया में फेमस कर दिया था तो वहीं इसी महीने सपा सांसद प्रिया सरोज से हुई सगाई के कारण भी वह सुर्खियों में रहे. कह सकते हैं कि ये महीना उनके लिए काफी लकी साबित हुआ है.