इसे देश की सुरक्षा से जुड़ा जरूरी कदम बता रहे हैं तो कुछ लोग इसे अल्पसंख्यक समुदाय पर दबाव बनाना कह रहे हैं.

घटना को लेकर डीसीपी पूर्वी दिल्ली अपूर्वा गुप्ता ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि ‘तमाम जगह पर स्टाफ की तैनाती पहले ही की गई थी।