Lucknow University: NAAC की टीम ने पहले दिन प्रवेश से लेकर परीक्षा तक की ली पूरी जानकारी, जानें छात्रों को लेकर कुलपति ने क्या बताई खूबियां, वीडियो में देखें लखनऊ विश्वविद्यालय की सुंदरता की एक झलक
लखनऊ। लखनऊ विश्वविद्यालय में 21 जुलाई 2022 से NAAC (NATIONAL ASSESSMENT AND ACCREDITATION COUNCIL-नेशनल एसेसमेंट एंड एक्रीडिटेशन काउंसिल) की 8 सदस्यीय टीम विश्वविद्यालय निरीक्षण के लिए पहुंच चुकी है। तीन दिवसीय निरीक्षण के इस दौरे के पहले दिन की शुरुआत में टीम के सामने कुलपति प्रोफेसर आलोक कुमार राय ने एनईपी 2020 के कार्यान्वयन के साथ ही शैक्षणिक सुधारों पर विस्तार से बताया। उन्होंने प्रवेश से लेकर परीक्षा तक के विभिन्न संगठनात्मक कार्यों में किए गए आईसीटी कार्यान्वयन पर भी जोर दिया।
कुलपति ने विशेष रूप से नॉन फ़ीस और नॉन ग्रांट रिसिप्ट्स पर वित्तीय मजबूती के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने प्रशासनिक, शैक्षणिक और इंफ्रास्ट्रक्चरल विकास के बारे में अपनी रणनीतिक दृष्टि साझा की। कुलपति ने अपनी प्रस्तुति में छात्र केंद्रित पहल का भी प्रदर्शन किया और बताया कैसे विश्वविद्यालय के हर निर्णय लेने में यहां के छात्र महत्वपूर्ण केंद्र बिंदु है। उन्होंने आगे विश्वविद्यालय की हरित पहल और सामाजिक पहल पर विस्तार से बताया। कुलपति ने विश्वविद्यालय के विभिन्न अध्यापकों के शोध संबंधी प्रकाशनों की बढ़ती प्रवृत्ति, अनुसंधान अनुदान, सामाजिक योगदान, और विश्वविद्यालय के ब्रांड के निरंतर बढ़ते और सुदृढ़ीकरण के प्रमाण प्रस्तुत किये जो न केवल देश से बल्कि विदेशों में बढ़ती छात्र रुचि में स्पष्ट रूप से परिलक्षित होता है। NAAC टीम ने एनईपी कार्यान्वयन, सरकार के साथ समन्वय में मुद्दों, विभिन्न हितधारकों से समर्थन और भविष्य के दृष्टिकोण के संबंध में कुछ प्रश्न उठाए, जिसका कुलपति ने उचित उत्तर दिया।
सांस्कृतिक कार्यक्रम का किया गया आयोजन
संस्कृतिकी, लखनऊ विश्वविद्यालय द्वारा NAAC टीम के सम्मुख रंगारंग प्रस्तुति दो गयी जिसमें श्रीलंकन छात्र एवं छात्रा ने रामकथा पर अपने नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति की, रूबरू all girls band ने अपने गीतों से सबका मन मंत्र मुग्ध कर दिया। अन्य कार्यकमों में कुलगीत, कथक, दास्तानगोई और लोक नृत्य द्वारा गंगा जमुनी तहजीब का बेहतरीन उदाहरण प्रस्तुत किया गया। कार्यकम का संचालन संस्कृतिकी निदेशक प्रो. राकेश चंद्र ने किया। इस अवसर पर कुलपति प्रो आलोक कुमार राय ने कवि प्रदीप पर एक लघु फ़िल्म को भी लांच किया।