Ratan Tata: रतन टाटा के उत्तराधिकारी की तलाश पूरी…टाटा ट्रस्ट की कमान अब नोएल टाटा के हाथ में; होंगे नए चेयरमैन, जानें उनके बारे में सब कुछ
Ratan Tata: रतन टाटा के निधन से जहां पूरा देश दुखी है तो वहीं एक और सवाल उठ रहे थे कि अब उनका उत्तराधिकारी कौन होग? हालांकि ताजा खबर सामने आ रही है कि अब टाटा ट्रस्ट की कमान नोएल टाटा के हाथ में होगी. टाटा ट्रस्ट के नए चेयरमैन नोएल टाटा को लेकर शुक्रवार को टाटा ट्रस्ट की अहम बैठक में फैसला हुआ. उनको टाटा ट्रस्ट के बोर्ड ने सर्वसम्मति से अपना चेयरमैन चुना. मालूम हो कि टाटा ग्रुप की मार्केट में लिस्टेड 29 कंपनियों का बाजार पूंजीकरण करीब 403 अरब डॉलर यानी 39 लाख करोड़ रुपये है.
जानें कौन हैं नोएल टाटा?
नोएल टाटा 67 साल के हैं और वह रतन टाटा के सौतेले भाई हैं. वह नवल टाटा की दूसरी पत्नी के बेटे हैं. वह कई सालों से टाटा समूह से जुड़े हुए हैं, जिसमें टाटा ट्रस्ट भी शामिल है. वह पहले से ही सर दोराबजी टाटा ट्रस्ट और सर रतन टाटा ट्रस्ट के बोर्ड में ट्रस्टी हैं. फिलहाल नोएल टाटा घड़ी बनाने वाली कंपनी टाइटन और टाटा स्टील के वाइस-चेयरमैन हैं. तो इसके अलावा वह टाटा समूह की रिटेल कंपनी ट्रेंट (जूडियो और वेस्टसाइड) के मालिक हैं. इसी के साथ ही इसकी एनबीएफसी फर्म टाटा इन्वेस्टमेंट कॉर्प के चेयरमैन भी हैं. वह टाटा इंटरनेशनल के मैनेजिंग डायरेक्टर भी हैं, जहां से उन्होंने अपना करियर शुरू किया था. वह वोल्टास के बोर्ड में भी काम करते हैं.
Noel Tata, half-brother of late Ratan Tata, to be next chairman of Tata Trusts, say sources
— Press Trust of India (@PTI_News) October 11, 2024
2010-11 से ही लग रही थीं अटकलें
मीडिया रिपोर्ट्स के दावों के मुताबिक, 2010-11 में टाटा इंटरनेशनल के मैनेजिंग डायरेक्टर पर हुई उनकी नियुक्ति के बाद से ही अटकलें लग रही थी कि नोएल को रतन टाटा के बाद टाटा समूह के प्रमुख के रूप में घोषित किया जा सकता है और उनको इसके लिए तैयार किया जा रहा है. टाटा इंटरनेशनल विदेशों में पेश किए जाने वाले उत्पादों और सेवाओं के लिए टाटा समूह की शाखा है.
जानें पढ़ाई से लेकर करियर की शरुआत तक
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, नोएल टाटा आयरिश नागरिक हैं और उनकी शादी पालोनजी मिस्त्री की बेटी आलू मिस्त्री से हुई है जो कि टाटा संस में सबसे बड़े शेयरधारक थे. उनके लिआ, माया और नेविल, ये तीन बच्चे हैं. नोएल टाटा ने ससेक्स यूनिवर्सिटी (यूके) से ग्रेजुएशन किया है. तो वहीं अगर करियर की शुरुआत की बात करें तो फ्रांस में INSEAD से इंटरनेशनल एक्जीक्यूटिव प्रोग्राम (IEP) पूरा किया है. नोएल टाटा ने इससे पहले नेस्ले, यूके के साथ काम किया.
बच्चे टाटा ग्रुप में सम्भाल रहे हैं अलग-अलग जिम्मेदारियां
बता दें कि वर्तमान में नोएल टाटा के बच्चे टाटा ग्रुप में अलग-अलग जिम्मेदारियां सम्भाल रहे हैं. माया टाटा अपॉर्चुनिटीज फंड और टाटा डिजिटल में नियुक्त हैं। टाटा का नया ऐप लॉन्च कराने में उनकी अहम भूमिका रही है. तो वहीं नेविल टाटा ट्रेंट लिमिटेड की हाइपरमार्केट को लीड करते हैं. इसके अलावा लिया टाटा ग्रुप के हॉस्पिटैलिटी सेक्टर, ताज होटल रिजॉर्ट एंड पैलेस और इंडियन होटल कंपनी से जुड़ी हुई हैं. नोएल टाटा के चेयरमैन बनने के बाद माना जा रहा है कि उनके तीनों को भी आने वाले समय में टाटा ग्रुप के उत्तराधिकारी हो सकते हैं.
1892 में हुई थी टाटा ट्रस्ट की स्थापना
मालूम हो कि नोएल और रतन के परदादा जमशेदजी टाटा ने टाटा ट्रस्ट की स्थापना टाटा समूह की स्थापना के वर्षों बाद यानी 1892 में की थी. चूंकि रतन टाटा ने शादी नहीं की थी इसलिए उन्होंने टाटा ट्रस्ट में किसी उत्तराधिकारी का नाम पहले से नहीं बताया था. इस वजह से नोएल टाटा की नियुक्ति को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि टाटा ट्रस्ट के पास टाटा संस की 66% हिस्सेदारी है, जो 150 साल से अधिक पुराने टाटा ब्रांड के तहत विभिन्न फर्मों की होल्डिंग कंपनी भी है. तो वहीं एक ऐतिहासिक तय्थ यह भी है कि केवल पारसियों ने ही टाटा ट्रस्ट की कमान संभाली है. हालांकि कुछ ऐसे भी नाम रहे हैं जिसमें टाटा नहीं लगा था और उनका ट्रस्ट के संस्थापक परिवार से कोई सीधा रिश्ता नहीं था. तो वहीं नोएल टाटा के इन ट्रस्टों का प्रमुख चुने के बाद वह सर दोराबजी टाटा ट्रस्ट के 11वें अध्यक्ष और सर रतन टाटा ट्रस्ट के छठे अध्यक्ष बन गए हैं. गौरतलब है कि नोएल चार दशक से अधिक समय से टाटा समूह से जुड़े हुए हैं.