Hindi Diwas-2023: हिंदी दिवस की पूर्व संध्या पर कथा संग्रह ‘उस रात की सुबह’ और काव्य संकलन “पारा” का हुआ लोकार्पण, जानें क्या रहा खास
Hindi Diwas-2023: हिंदी दिवस कि पूर्व संध्या पर इरा पब्लिशर्स, कानपुर एवं कानपुर साहित्यिक महिला मंच के संयुक्त तत्वावधान में डॉ जया राजपूत के कथा-संग्रह ‘उस रात की सुबह’ एवं अर्चना गंगवार के काव्य संकलन ‘पारा’ का लोकार्पण आज स्टॉक एक्सचेंज सभागार, सिवल लाइंस, कानपुर में हुआ।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सप्रसिद्ध एवं एक के बाद एक शानदार उपन्यास लिखने वाले युवा लेखक भगवंत अनमोल रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता सुप्रसिद्ध लेखिका मीना धर द्विवेदी ने की। डॉ सुरेश अवस्थी, अरुणेंद्र सोनी, रणविजय श्रीवस्तव विशिष्ट अतिथि रहे। कार्यक्रम में डॉ राकेश शुक्ल, डॉ राधा शाक्य, सतीश गुप्त , अनीता मौर्या एवं डॉ जया राजपूत ने लोकार्पित पुस्तकों पर अपना वक्तव्य दिया। सभी अतिथियों ने पुस्तक की कहानियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि पुस्तक में समाज के आस-पास घट रही घटनाओं को कहानियों के रूप में जया जी ने बहुत अच्छी तरह पिरोया है। एक ओर तो ये कहानियाँ समाज में व्याप्त बुराइयों की ओर इंगित करती हैं वहीं दूसरी ओर आशा की डोर भी थामे दिखती हैं। यह पुस्तक निश्चित ही अपनी छाप पाठकों पर छोड़ने में सफल रहेगी। पारा की कविताओं के विषय बड़े ही नये एव आस- पास से उठाए गए हैं जिनमें पाठक के सामने कई प्रश्न भी खड़े होते हैं।
कार्यक्रम का संचालन डॉ कामायनी शर्मा एव आभार ज्ञापन अलका मिश्रा ने किया एवं वंदना सुरेश गुप्त राजहंस ने की। कार्यक्रम माँ सरस्वती की पूजा अर्चना से प्रारम्भ हो कर समीक्षा, रचना-पाठ से गुज़रता हुआ समापन की ओर बढ़ा। अंत मे धन्यवाद ज्ञापन अलका मिश्रा ने किया। कार्यक्रम में डॉ राकेश शुक्ल, अर्चना गंगवार, डॉ जया राजपूत, सतीश गुप्त, डॉ राधा शाक्य, अनीता अनुश्री, सुषमा सिंह, अंजली सागर, मिलन सक्सेना, डॉ सुषमा त्रिपाठी, डॉ आशा सिंह, अलका मिश्रा, अशोक बाजपेई, सुषमा यादव , सीमा सक्सेना आदि उपस्थित रहे।