इस घटना के बाद से ही अधिवक्ता सवाल कर रहे हैं कि क्या सड़क पर खड़े होना भी गुनाह है या फिर सड़क सम्बधित दुकानदार ने बनवाई.

एक मामले में सुनवाई करते हुए जस्टिस अभय एस ओका और जस्टिस जॉर्ज मसीह की पीठ ने दो टूक लहजे में कहा कि किसी भी वकील को डबल रोल निभाने की इजाजत नहीं दे सकते.