HOLI: अगर आ रही है विवाह में रुकावट, तो होली की सुबह शिव मंदिर में करें ये सरल उपाए, जल्द बनेंगे शादी के योग
होली विशेष। सनातन धर्म में रंगों का सबसे महत्वपूर्ण और लोकप्रिय त्योहार होली का अत्यंत महत्व है. प्रत्येक वर्ष फाल्गुन मास के शुक्लपक्ष की पूर्णिमा को ये त्योहार मनाया जाता है। ज्योतिष शास्त्र की मानें तो फाल्गुन मास की पूर्णिमा का दिन तमाम उपाय करने के लिए खासा महत्वपूर्ण होता है। आचार्य विनोद कुमार मिश्र बताते हैं कि पूर्णिमा के दिन किए गए उपाए का लाभ पूरे साल मिलता है, लेकिन किसी भी उपाए को करने से पहले मन में एकाग्रता और श्रद्धा अवश्य रखें, क्योंकि भरोसा और सकारात्मक सोच ही व्यक्ति को हर कार्य में सफल बनाती है.
करें ये सरल उपाय
होली के दिन बिल्कुल सुबह, सूर्य निकलने से पहले, स्नान आदि के बाद एक साबूत पान पर साबुत सुपारी एवं हल्दी की गांठ लेकर शिवलिंग पर चढ़ाएं और इसके बाद मंदिर से घर की ओर चल दें, लेकिन पीछे पलट कर न देंखें। सीधे घर ही आएं। इसी तरह का काम दूसरे दिन की सुबह भी करें। ऐसा करने से शीघ्र विवाह का योग बनेगा और जो भी बाधा आ रही होगी वो कट जाएगी। इस दौरान याद रखें की शरीर व मन पूरी तरह से शुद्ध हो और जिस कार्य के लिए आप उपाए कर रहे हैं, उसके लिए पूरी एकाग्रता रखें और मन ही मन भोले बाबा का स्मरण करते रहें।
DISCLAIMER:यह लेख धार्मिक मान्यताओं व धर्म शास्त्रों पर आधारित है। हम अंधविश्वास को बढ़ावा नहीं देते। पाठक धर्म से जुड़े किसी भी कार्य को करने से पहले अपने पुरोहित या आचार्य से अवश्य परामर्श ले लें। KhabarSting इसकी पुष्टि नहीं करता।)