AKTU News: बेहतर आइडिया को मिलेगा निःशुल्क पेटेंट का तोहफा…24 घंटे में 42 टीमों के लिए बड़ा चैलेंज शुरू
AKTU News: सोमवार को डॉ0 एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (AKTU) में एक अलग ही माहौल देखने को मिला। ऐसा लगा जैसे विश्वविद्यालय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की प्रयोगशाला बन गया, जहां छात्र एआई के प्रयोग से कुछ नया बनाने में लगे हैं। संबद्ध संस्थानों के छात्रों की 42 टीमें अपने आइडिया को मूर्त रूप देने के लिए जी जान से जुट गयीं।
बता दें कि ये टीमें सोमवार से मंगलवार तक लगातार 24 घंटे बिना रूके अपने आइडिया को मूर्तरूप देंगी। इस दौरान जूरी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित इनके प्रोडक्ट का मूल्यांकन भी करेगी। छात्रों को अपने आइडिया को प्रोडक्ट में बदलने का यह अवसर इनोवेशन हब की ओर से आयोजित नवोन्मेष आइडिया चैलेंज 2025 हैकथॉन के ग्रैंड फिनाले में मिला है। इस हैकथॉन में टीमें समस्याओं का समाधान एआई के जरिये करेंगी। बता दें कि हैकथॉन के लिए करीब 280 से अधिक आवेदन पूरे प्रदेश से आये थे जिसमें मूल्यांकन के बाद 42 टीमों को प्रतिभाग करने का अवसर मिला। ये टीम 24 घंटे में अपने आइडिया को बनायेंगी। साथ ही जूरी को एक-एक कर अपना प्रस्तुति देंगी। मूल्यांकन के बाद जूरी नंबर देंगे। इस दौरान छह टीम को विजेता घोषित किया जाएगा।
बेहतर आइडिया को मिलेगा निःशुल्क पेटेंट
नवोन्मेष आइडिया चैलेंज 2025 हैकथॉन का उद्घाटन कुलपति प्रो0 जेपी पाण्डेय ने किया। इस मौके पर उन्होंने वर्तमान और भविष्य में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की भूमिका और उसके उपयोग पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि एआई की कोई सीमा नहीं है। यह तकनीकी आज की जरूरत बन गयी है। छात्र इसका प्रयोग हर क्षेत्र में कर सकते हैं। वह आगे बोले कि भारत को विकसित राष्ट्र बनना है तो नवाचार के साथ उसका पेटेंट कराना होगा। नवाचार में एआई को शामिल करके छात्र आत्मनिर्भर और विकसित भारत के सपने को हकीकत में बदल सकते हैं। युवाओं को अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए लगातार प्रयास करते रहना चाहिए। हैकथॉन के बेहतर आइडिया को विश्वविद्यालय के इनोवेशन हब की ओर से निःशुल्क पेटेंट भी कराया जाएगा।
वित्त अधिकारी केशव सिंह ने कहा कि विश्वविद्यालय अपने छात्रों को नवाचार के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए तमाम अवसर प्रदान कर रहा है। ऐसे में छात्रों को इसका लाभ उठाना चाहिए। डीन इनोवेशन प्रो0 बीएन मिश्रा ने कहा कि प्रदेश में एकेटीयू ने नवाचार की नई दिशा दी है। कुछ ही समय में उद्यमिता और नवाचार को लेकर एक संस्कृति पनपी है, जो प्रदेश को नई उंचाई देगी। छात्रों को विश्वस्तरीय
स्टार्टअप बनाने की जरूरत है।
टीसीएस के स्टेट हेड अमिताभ तिवारी ने कहा कि वर्तमान में छात्रों को आगे बढ़ने के लिए संसाधनों की कोई कमी नहीं है। यहां से निकलने वाले स्टार्टअप और इनोवेशन का भविष्य बेहतर है। अतिथियों का स्वागत एसो0 डीन इनोवेशन डॉ0 अनुज कुमार शर्मा ने किया जबकि धन्यवाद इनोवेशन हब के हेड महीप सिंह ने दिया। संचालन वंदना शर्मा ने किया। इस मौके पर हैकथॉन में प्रतिभाग करने वाले छात्र एवं शिक्षक उपस्थित रहे।
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