AKTU News: मिसाइलमैन डॉ0 एपीजे अब्दुल कलाम की जयंती पर बीटेक छात्रों में पड़ा नवाचार का बीज
APJ Abdul Kalam Jayanti In AKTU News: डॉ0 एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (AKTU) में बुधवार को इन्नोवेशन हब एवं कलाम केंद्र की ओर से सेंटर फॉर एडवांस स्टडीज में मिसाइलमैन एवं पूर्व राष्ट्रपति डॉ0 एपीजे अब्दुल कलाम की जयंती मनायी गयी। इस अवसर पर बीटेक प्रथम वर्ष के छात्रों के लिए आइडिया कॉम्प्टीशन का आयोजन किया गया। जिसमें 120 छात्रों ने हिस्सा लिया।
बता दें कि इस प्रतियोगिता में छात्रों को 20 टीमों में विभाजित कर उद्योगों से जुड़ी समस्या दी गयी और इन समस्याओं का समाधान छात्रों को अपने आइडिया और नवाचार के जरिये करना था। छात्रों ने विशेषज्ञों के सामने अपने आइडिया प्रस्तुत किये। इस मौके पर कलाम जी की प्रतिमा पर पुष्प् अर्पित कर कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए कुलपति प्रो0 जेपी पाण्डेय ने छात्रों को डॉ कलाम जी से प्रेरणा लेने की सीख दी।
कार्यक्रम की विषय स्थापना एसो0 डीन इनोवेशन डॉ0 अनुज कमार शर्मा ने की। जबकि धन्यवाद इनोवेशन हब के हेड महीप सिंह ने और संचालन वंदना शर्मा ने किया। कार्यक्रम का संयोजन अनुराग त्रिपाठी ने किया। इस मौके पर छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
बढ़चढ़कर करें प्रतिभाग
इसी के साथ ही उन्होंने कलाम जी के साथ बिताये गये पलों को साझा किया और कहा कि वे जितने बड़े थे उतने ही सरल और विनम्र भी थे। वह अक्सर कहा करते थे कि किसी संस्था से नहीं अपने काम से पहचान बनाओ। उनके विजन और आइडिया ने देश को बड़ा मुकाम दिया। कहा कि छात्रों को अपनी पढ़ाई के साथ एक्स्ट्रा कैरिकुलम में भी बढ़चढ़ कर प्रतिभाग करना चाहिए। इससे न केवल व्यक्तित्व का विकास होता है बल्कि भविष्य भी संवरता है।
विराट व्यक्तित्व के धनी थे कलाम
वित्त अधिकारी केशव सिंह ने कहा कि डॉ0 कलाम विराट व्यक्तित्व के धनी थे। उनका जीवन अभाव से शुरू हुआ। जब जीवन में अभाव और संघर्ष होता है तभी जुझारूपन आता है। हमें उनके जीवन से सीखना चाहिए। कभी भी संसाधनों की कमी हमारी राह में बाधा नहीं डाल सकती। सीखने की ललक होनी चाहिए। छात्र हमेशा अपने काम पर ध्यान दें।
सरल और सहज थे कलाम
आईईटी के निदेशक प्रो0 विनीत कंसल ने कहा कि कलाम जी बच्चे से उसकी भाषा में तो बड़ों से उनकी भाषा में बात करते थे। उनका व्यक्तित्व इतना सरल और सहज था कि लोग स्वतः उनसे जुड़ते जाते थे। छात्र अपने विषय के साथ ही दूसरे विषयों को भी जानें। सोशल मीडिया पर समय जाया नहीं करने की सलाह भी दी।
जीवन आदर्श है
डीन इनोवेशन प्रो0 बीएन मिश्रा ने कहा कि कलाम जी का पूरा जीवन एक आदर्श है। उनके शोध और फैसले हमेशा देश के हित में रहे। उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। आज उनके जयंती के दिन छात्रों को उनके जीवन से सीख लेनी चाहिए।
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