Makar Sankranti-2023: मकर संक्रांति 15 जनवरी को, राहु-शनि दोष से बचने को ये चीजें करें दान, करें ये सात उपाय, शुरू हो जाएंगे मांगलिक कार्य
मकर संक्रांति विशेष। माघ मास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा को मकर संक्रांति का पर्व पूरे भारत वर्ष में अलग-अलग नामों से मनाया जाता है। इस बार मकर संक्रांति का पर्व 15 जनवरी 2023 को मनाया जाएगा। पंचांग के अनुसार ग्रहों के राजा सूर्य देव 14 जनवरी को रात 8 बजकर 44 मिंनट में मकर राशि में प्रवेश करेंगे। इसलिए रविवार, 15 जनवरी को सुबह उदिया तिथि में मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाएगा।
ज्योतिषाचार्य पं. रवि शास्त्री ने बताया कि यह पर्व 15 जनवरी को पूरे दिन मान्य होगा। दोपहर तक का समय स्नान, दान के लिए विशेष पुण्य फलदायक रहेगा। मकर संक्रांति के दिन से ही सूर्य देवता दक्षिणायन से उत्तरायण हो जाएंगे और इसी दिन से विवाह, गृहप्रवेश ,देवताओ की प्रतिष्ठा, जनेऊ,आदि सभी मांगलिक कार्य शुरू हो जाएंगे।
करें राहु-शनि दोष से बचने के उपाय
ज्योतिष शास्त्र में उड़द की दाल, काले तिल, तेल, कम्बल आदि का संबंध शनि देव से माना जाता है। शनि दोष से निवृत्ति के लिए मकर संक्रांति के दिन ये सारी चीजें किसी आचार्य को अवश्य दान करें। ऐसा करने से निश्चित ही शनि दोष दूर होता है।
करें ये सात उपाय
आचार्य बताते हैं कि मकर संक्रांति के दिन सूर्य निकलने से पहले स्नान करें।
स्नान करने के बाद एक लोटे में लाल फूल और अक्षत डालकर सूर्य भगवान को अर्घ्य दें। इस दौरान सूर्य के बीज मंत्र का जाप करें “ॐ घृणिः सूर्याय नमः”
इस दिन श्रीमदभागवद या फिर गीता का पाठ अवश्य करें।
मकर संक्रांति के दिन तिल, अन्न, कंबल के अलावा घी का दान करना शुभ माना जाता है।
इस दिन खाने में खिचड़ी जरूर बनाएं और भगवान को भी भोग लगाएं।
शाम को अन्न का सेवन करें।
इस दिन किसी गरीब व्यक्ति को बर्तन के अलावा तिल का दान करेंगे तो शनि से जुड़ी हर तकलीफ से मुक्ति मिलेगी।
DISCLAIMER:यह लेख धार्मिक मान्यताओं व धर्म शास्त्रों पर आधारित है। हम अंधविश्वास को बढ़ावा नहीं देते। पाठक धर्म से जुड़े किसी भी कार्य को करने से पहले अपने पुरोहित या आचार्य से अवश्य परामर्श ले लें। KhabarSting इसकी पुष्टि नहीं करता।)