परास्नातक (पीजी) स्तर के सीयूईटी एवं गैर-सीयूईटी दोनों प्रकार के पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए अभ्यर्थी 20 जून 2026 तक आवेदन कर सकेंगे।
• MBA कार्यक्रम 1974 से: अब तक लगभग 50 बैच उद्योग-तैयार पेशेवरों के रूप में स्नातक हुए हैं।
नैनो टेक्नोलॉजी, स्मार्ट मैटेरियल्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग और कम्प्यूटेशनल मटेरियल साइंस जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय शोध कार्य किए हैं।
यह सम्मान 23 मई 2026 को Constitution Club of India में आयोजित समारोह में प्रदान किया गया।
इस कदम से चयन प्रक्रिया पर किसी भी प्रकार के गतिरोध या संदेह की गुंजाइश नहीं रहेगी और मेधावी छात्रों को पूर्ण न्याय मिल सकेगा।
2016 की राजाज्ञा से आच्छादित शिक्षकों को पुरानी पेंशन का लाभ दिए जाने, वंचित तदर्थ शिक्षकों का विनियमितीकरण आदि प्रमुख मांगे सम्मिलित है।
तकनीकी संसाधनों के प्रभावी उपयोग से दिव्यांगजनों तक सुविधाओं की पहुंच को और अधिक सशक्त बनाया जा रहा है।
अवसर को पहचान कर स्टार्टअप कार्य करें। अपनी कमियों को पहचान कर बेहतर ढंग से आगे आना होगा।
यह कार्यक्रम गुरु-शिष्य परंपरा, शिक्षा के मानवीय मूल्यों और प्रतिभा सम्मान की भावना का एक सुंदर उदाहरण बनकर सभी के मन में विशेष छाप छोड़ गया।
अधिक से अधिक संख्या में धरने में पहुंचें, ताकि शिक्षकों के हितों को सुरक्षित रखने वाले प्रदर्शन को सफल बनाया जा सके.