Sawan: सावन के सोमवार व्रत में भगवान शिव की करें इस तरह पूजा…जरूर लगाएं इन 5 चीजों का भोग

July 10, 2025 by No Comments

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Sawan Somvar Bhog: श्रावण मास यानी सावन महीने की शुरुआत कल यानी 11 जुलाई से होने जा रही है और सावन का पहला सोमवार 14 जुलाई को पड़ेगा. सनातन धर्म में सावन का महीना भगवान शिव का मास माना गया है. इस महीने प्रत्येक सोमवार को शिवजी क व्रत किया जाता है. हालांकि कोई-कोई पूरे सावन ही व्रत रखता है और विधि-विधान से भोले बाबा की पूजा-अर्चना करता है.

मान्यता है कि सावन के महीने में भगवान शिव धरती पर ही विचरण करते हैं और भक्तों का कल्याण करते हैं. यही वजह है कि इस महीने में शिवजी की पूजा का विशेष विधान शास्त्रों में बताया गया है. श्रावण मास के सोमवारों में शिवजी के व्रतों और पूजा का विशेष महत्व है. शिवजी के ये व्रत शुभदायी और फलदायी होते हैं. इन व्रतों और पूजा का विशेष महत्व है. शिवजी के ये व्रत शुभदायी और फलदायी होते हैं. इन व्रतों को करने वाले सभी भक्तों से भगवान शिव बहुत प्रसन्न होते हैं. यह व्रत भगवान शिव की प्रसन्नता के लिए किया जाता है.

इस व्रत में भगवान शिव का पूजन करके एक समय ही भोजन किया जाता है, इस व्रत में भगवान शिव और माता पार्वती का ध्यान कर शिव पंचाक्षर मंत्र का जप करते हुए पूजन करना चाहिए.

ओम नम: शिवाय:”

इससे भगवान शिव प्रसन्न होकर मनवांछित फल देते हैं.

इस तरह करें भगवान शिव की पूजा

सावन के प्रत्येक सोमवार को श्रीगणेश जी, शिवजी, पार्वती जी तथा नन्दी की पूजा करने का विधान है. शिव जी की पूजा में जल, दूध. दही, चीनी, घी, शहद, पंचांमृत, कलावा, वस्त्र, यज्ञोपवीत, चंदन, रोली, चावल, फूल, बिल्वपत्र, दूर्वा, विजया, आक, धतूरा, कमलगट्टा, पान, सुपारी, लौंग, इलायची, पंचमेवा, धूप, दीप, दक्षिणा सहित पूजा करे का विधान है. साथ ही कपूर से आरती करके भजन-कीर्तन और रात्रि जागरण भी करना चाहिए.

पूजन के पश्चात कथा भी सुननी चाहिए और किसी ब्राह्मण से रुद्राभिषेक कराना चाहिए. ऐसा करने से भगवान शिव शीघ्र ही प्रसन्न होकर सभी मनोकामनाएं पूर्ण कर देते हैं. सोमवार का व्रत करने से पुत्र, धुन, विद्या और मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है. इस दिन सोलह सोमवार व्रत कथा का माहात्म्य सुनना चाहिए.

सावन में भोले बाबा को अर्पित करें ये भोग

केला

सनातन धर्म में केला फल को एक सात्विक फल माना गया है जो सभी देवी-देवताओं को चढ़ाया जा सकता है. मान्यता है कि यह फल भगवान शिव को भी विशेष रूप से प्रिय माना जाता है. केलाकेवल पौष्टिक होता है, बल्कि यह सरलता और सादगी का प्रतीक भी है. इसलिए सावन में भोले बाबा के भोग में केला अवश्य चढ़ाएं.

भांग पेड़ा

भांग, भगवान शिव की प्रिय चीजों में से एक है। श्रावण मास और महाशिवरात्रि जैसे पर्वों पर इसका विशेष महत्व होता है। जब भांग को मावे के साथ मिलाकर पेड़े के रूप में तैयार किया जाता है, तो यह एक अत्यंत विशेष और पूजनीय प्रसाद बन जाता है। भक्तगण इसे श्रद्धापूर्वक शिवलिंग पर अर्पित करते हैं।

सफेद बर्फी

सफेद बर्फी भगवान शिव को अर्पित की जाने वाली एक प्रमुख मिठाई हैयह मावा (खोया), दूध और चीनी से बनाई जाती हैइसका सफेद रंग शुद्धता और सात्विकता का प्रतीक माना जाता हैश्रावण के सोमवार को सफेद बर्फी का भोग विशेष फलदायी माना जाता है

भांग ठंडाई

भांग से बनी ठंडाई विशेष रूप से गर्मी के मौसम और महाशिवरात्रि पर भगवान शिव को अर्पित की जाती है. बता दें कि भांग शरीर को ठंडक पहुंचाने वाली चीज है. ठंडाई में भांग के साथ दूध, सौंफ, गुलाब, काली मिर्च और अन्य आयुर्वेदिक तत्वों का मिल कर बनाई जाती है, इसीलिए ये लाभदायक भी होती है.

ड्राई फ्रूट्स

ड्राई फ्रूट्स जैसे बादाम, काजू, पिस्ता आदि भी भगवान शिव को अर्पित किया जा सकता है. यानी मावे की मिठाइयों में मिलाकर या अलग से भी भी ड्राइ फ्रूट्स को चढ़ाया जा सकता है.

DISCLAIMER:यह लेख धार्मिक मान्यताओं व धर्म शास्त्रों पर आधारित है। हम अंधविश्वास को बढ़ावा नहीं देते। पाठक धर्म से जुड़े किसी भी कार्य को करने से पहले अपने पुरोहित या आचार्य से अवश्य परामर्श ले लें। किसी भी प्रकार की भ्रम की स्थिति में प्रमाणिक ज्योतिषियों से ही परामर्श लें। KhabarSting इसकी पुष्टि नहीं करता।)