19 वर्ष के देवव्रत महेश रेखे जी ने जो उपलब्धि हासिल की है, वो जानकर मन प्रफुल्लित हो गया है.
इस ऐतिहासिक पल के वीडियो और तस्वीरें वायरल हो रही है तो वहीं इस खास मौके पर राम मंदिर दूधिया रोशनी से नहाया हुआ दिखाई दे रहा है.
मार्गशीर्ष शुक्ल पंचमी भगवान श्रीराम और माता सीता का विवाह हुआ था.
सनातन हिंदू एकता पदयात्रा प्रसिद्ध छतरपुर मंदिर से 7 नवंबर को शुरू हुई थी और इसका समापन 16 नवंबर के दिन वृंदावन श्री बांके बिहारी मंदिर में होगा.
उन्हें महान गुरुओं की महिमा का पता चलेगा कि भारतीय संस्कृति और सभ्यता गुरु तेग बहादुर साहिब के बलिदान से बच पाई।
फूल और दीयों को 7 जगहों पर रख दें. इनमें से एक दीया शिव के मंदिर के पास, आंवले के पेड़ के नीचे
इस दिन शाम के समय लक्ष्मीनारायण की विधि-विधान से पूजा और आरती की जाती है.
वृंदा वृंदावनी, विश्वपूजिता, विश्वपावनी, पुष्पसारा, नन्दनी तुलसी और कृष्णजीवनी, ये तुलसी के 8 प्रिय नाम हैं। जो कोई भी तुलसी की पूजा करके इस नामाष्टक का पाठ करता है, वह अश्वमेघ यज्ञ का फल प्राप्त करता है।