शिवराज सरकार के मंत्री खुलेआम गुंडागर्दी पर आमादा, गालीबाज मंत्री मोहन यादव.
कोरोना काल से ही गर्भगृह में प्रशासन की ओर से आम श्रद्धालुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया हुआ है. यानी यहां पर आम श्रद्धालुओं को अभी भी प्रवेश नहीं दिया जा रहा है.
ब्राह्मण समाज की महिलाओं पर लाठीचार्ज किया बल्कि इस कड़ाके की ठंड में वाटर कैनन से पानी की बौछार कर विरोध प्रदर्शन को दबाने की कोशिश की.
यह एक औपचारिक पत्र है, न कि किसी सख्त कार्रवाई का प्रमाण।
सत्ता को कठघरे में खड़ा करते हुए कहा कि करोड़ों रुपये खर्च हो गए.
बताया जा रहा है कि बाप-बेटे के रिश्ते को कलंकित करने वाली ये घटना सिर्फ और सिर्फ पैसों के लिए हुई क्योंकि रिटायर्ड DSP पिता के रिटायरमेंट का पैसा आया था।
बीएनएस की धारा 196 तथा 197 के तहत मामला दर्ज करने के आदेश जारी किया है। याचिका पर अगली सुनवाई गुरुवार की सुबह 10.30 बजे निर्धारित की गई है।
जब तक होश आया तब तक मेरी फसल नष्ट हो चुकी थी. इस घटना के बाद से ही स्थानीय किसानों में भारी आक्रोश है.
मैहर में माता शारदा विराजमान होने के कारण शराब पूरी तरह से बंद की गई है तो वहीं पन्ना में भी शराब पर पाबंदी लगाई गई है.
उनके इस बयान का कांग्रेस ने विरोध किया है तो वहीं तो वहीं उनकी खुद की पार्टी यानी भाजपा ने उनके इस बयान से किनारा कर लिया है.