हेड कांस्टेबल जयंतीभाई जाला को एक महिला पर हमला करने के आरोप में निलम्बित कर दिया गया है.
बोर्ड एग्जाम के साथ उन्होंने CLAT की तैयारी की है. इसको बैलेंस करने के लिए लीगलएज की क्लास रूम प्रोग्राम और डाउट सेशन काफी मददगार साबित हुए.
गन सैल्यूट के साथ शहीद को अंतिम विदाई दी गई और मौजूद लोगों ने पुष्पांजलि अर्पित कर वीर सपूत को नमन किया.
बेटे अंकित व भतीजे राहुल को डेढ़ लाख रुपये दिए व अजनर की हमीरपुर डिस्ट्रिक्ट कोआपरेटिव बैंक में जमा करने को कहा.
खासतौर से बिजी हाईवे पर इसका ध्यान जरूर रखना चाहिए क्योंकि हाईवे पर बड़ी गाड़ियां तेज रफ्तार से चल रही होती हैं.
कोरोना काल से ही गर्भगृह में प्रशासन की ओर से आम श्रद्धालुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया हुआ है. यानी यहां पर आम श्रद्धालुओं को अभी भी प्रवेश नहीं दिया जा रहा है.
प्रत्यक्षदर्शी ने ये भी दावा किया है कि अगर समय पर प्रशासन की मदद मिल जाती तो बस में सवार लोगों को बचा सकते थे.
“यह क्या हो गया है नीतीश जी को? मानसिक स्थिति बिल्कुल ही अब दयनीय स्थिति में पहुंच चुकी है या नीतीश बाबू अब 100% संघी हो चुके हैं?”
अब तक कोई और होता तो पुलिस कार्रवाई कर चुकी होती. सारे नियम तो केवल गरीबों के लिए बने हैं.
ब्राह्मण समाज की महिलाओं पर लाठीचार्ज किया बल्कि इस कड़ाके की ठंड में वाटर कैनन से पानी की बौछार कर विरोध प्रदर्शन को दबाने की कोशिश की.