“यह क्या हो गया है नीतीश जी को? मानसिक स्थिति बिल्कुल ही अब दयनीय स्थिति में पहुंच चुकी है या नीतीश बाबू अब 100% संघी हो चुके हैं?”

सभी मामले प्रशासनिक लापरवाही या साइबर मजाक या फिर किसी बड़ी साजिश की ओर संकेत देते नजर आ रहे हैं. आवेदकों की मंशा भी ठीक नहीं लग रही है.

राजनीतिक गलियारों में इस घटना को लेकर लगातार चर्चा हो रही है तो वहीं अब लोगों का कहना है कि हाई कोर्ट में उनकी अपील का क्या परिणाम निकलता है.