इस नियम को प्रमुख रूप से व्यावसायिक यानी बिजनेस लेन-देन से जोड़ा गया है. सामान्य घरेलू पैसों के लेनदेन में कोई फर्क नहीं पड़ेगा.

बच्चों की मौत के मामलों से जुड़े एक केस में लेप्टोस्पायरोसिस इंफेक्शन पाया गया. फिलहाल इसकी जांच अभी जारी है.

अगर बैंक को कोई चार्जबैक रिक्वेस्ट सही लगती है तो उसे वह एनपीसीआई से व्हाइटलिस्ट किए बिना प्रोसेस कर सकती है।