हाथ में खून से सनी मिट्टी लेकर जनरल डायर को मारने का संकल्प लिया था. इस संकल्प को उन्होंने 21 वर्ष बाद पूरा किया.

विद्यालय के छात्रों/छात्राओं एवम व्यावसायिक शिक्षकों सहित समस्त शिक्षक वर्ग की सुरक्षा, सम्मान एवं सेवा हितों की रक्षा सुनिश्चित नही हो पा रही है.

उनके इस साहसपूर्ण कार्य की सदैव प्रशंसा की जाएगी. आज आवश्यकता है कि पटेल जी के त्यागमय जीवन और कार्यों से प्रेरणा ली जाए.

हिंदू आध्यात्मिक एवम सेवा संस्थान कानपुर नगर के अध्यक्ष संजीव दीक्षित ने बताया कि “आज अतिथि सत्कार की भावना लगभग समाप्त हो चुकी है.

एसीपी कैंट ने पीड़ित बच्ची के परिजनों से बात की और फिर उनके निर्देश पर पीड़ित बच्ची को तत्काल मेडिकल परीक्षण के लिए अस्पताल भिजवाया गया.