घटना के तुरंत बाद मौके पर एसडीएम और सीओ पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।
प्रदेश में सियासत तेज हो गई है. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने इसे सिस्टम की लापरवाही करार देते हुए कहा है कि जब वे शिक्षा मंत्री थे, तब सभी स्कूलों का डाटा शालादर्पण पर अपलोड किया गया था.
यह हादसा भानोदा गांव के पास हुऔ है. हादसे के बाद मौके पर पुलिस और प्रशासन की टीम पहुंची. तो वहीं गांव के लोग भी इकठ्ठा हो गए हैं.
पिल्लों की मां वहीं पर खड़ी रही और 20 घंटे तक अपने बच्चों के बाहर निकलने का इंतजार करती रही. ये सब देखकर हर किसी की आंखें डबडबा आई.
इसी के साथ ही नेटिजंस सवाल उठा रहे हैं कि इन बच्चियों की मौत का जिम्मेदार कौन?
Ajmer Sharif Dargah: राजस्थान में स्थित अजमेर में ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती की दरगाह में शनिवार यानी आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी…
फिलहाल इस घटना को लेकर अब सवाल खड़े हो रहे हैं कि क्या सच में रोहिताश की मौत हो चुकी थी या अस्पताल के डाक्टर्स ने उसको गलती से मृत घोषित कर दिया था.
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, देवली उनियारा विधानसभा क्षेत्र की कचरावता ग्राम पंचायत के समरावत गांव के ग्रामीणों ने मतदान का बहिष्कार किया था.
Viral News: दिल्ली के एक नर्सिंग ऑफिसर राजीव कुमार की आपबीती सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. वह एक…